देखने की कला

सुमन शेखर   प्रूस्त के बाद अब लिखने के लिए बचा क्या है! – वर्जीनिया वूल्फ़ कभी-कभी कोई फ़िल्म या किताब खत्म होती है और […] Read More

‘शेखर टुनाइट’ – वापसी या चुनौती?

अमेय कान्त शेखर सुमन को स्कूल के दिनों में सबसे पहले दूरदर्शन के लोकप्रिय धारावाहिक ‘रिपोर्टर’ में देखा था। हालाँकि इससे काफ़ी पहले वे शशि […] Read More